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प्रदेश के थानों में स्वागत कक्ष संचालन की अब हेल्पलाइन से होगी मॉनिटरिंग,  आमजन हेल्पलाइन नंबर दर्ज करा सकेंगे फीडबैक और शिकायत

Sanjay Chobisa

Jaipur,15 March

प्रदेश के थानों में स्वागत कक्ष संचालन की अब हेल्पलाइन से होगी मॉनिटरिंग,

आमजन हेल्पलाइन नंबर 87648-73137 दर्ज करा सकेंगे फीडबैक और शिकायत

पुलिस मुख्यालय में अभय कमांड सेंटर से होगी व्यवस्थाओं की निगरानी

पुलिस मुख्यालय ने प्रदेश के थानों में संचालित स्वागत कक्षों की मॉनिटरिंग के लिए विशेष पहल करते हुए आमजन द्वारा फीडबैक और शिकायत दर्ज कराने के लिए एक हेल्पलाइन नंबर जारी किया हैं। पुलिस थानों में आने वाले परिवादी स्वागत कक्षों से संबंधित फीडबैक, सुझाव या शिकायत को अब हेल्पलाइन नम्बर 87648-73137 पर कॉल करके दर्ज करा सकेंगे। अतिरिक्त महानिदेशक, कम्युनिटी पुलिसिंग बी एल मीणा ने बताया कि इस हेल्पलाइन नंबर पर दर्ज फीडबैक, सुझाव या शिकायतों की मॉनिटरिंग पुलिस मुख्यालय स्थित अभय कमांड सेंटर पर कम्युनिटी पुलिसिंग शाखा द्वारा की जाएगी। इनकी नियमित समीक्षा कर स्वागत कक्ष संबंधी प्रक्रिया में वांछित सुधार के लिए आवश्यक ठोस कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। मीणा ने बताया कि आगुंतको को यदि इन स्वागत कक्ष में संचालन संबंधी कोई भी शिकायत है तो वे निर्भीक होकर अपनी शिकायत पुलिस मुख्यालय द्वारा जारी इस हेल्पलाइन नंबर पर दर्ज करा सकते हैं।
मीणा ने बताया कि राज्य के पुलिस थानों में निर्मित स्वागत कक्ष राज्य सरकार एवं राजस्थान पुलिस की महत्वाकांक्षी योजना है। पुलिस थानों में आने वाले हर पीड़ित को सौहार्द्र एवं सुविधा पूर्ण वातावरण उपलब्ध कराना स्वागत कक्ष निर्माण का मुख्य उद्देश्य है। जहां पीड़ित से सहानुभूति पूर्वक वार्ता कर उसकी समस्या के निदान के लिए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए पुलिस थानों में पुलिस मुख्यालय द्वारा तैयार मानक संचालक प्रक्रिया अपनाई जा रही है।
एडीजी ने बताया कि स्वागत कक्ष की एसओपी इस प्रकार से तैयार की गई है जिससे आमजन को एक ही स्थान पर संपूर्ण सूचना और सुविधा मिल सके। सभी थानों में स्थित स्वागत कक्ष में प्रशिक्षित पुलिस कर्मियों का नियोजन दो समान पारियों में किया जा रहा है। जिनके द्वारा आवेदन, परिवाद और एफआईआर लिखने में पीड़ित की सहायता की जा रही है। उन्होंने बताया कि समय—समय पर वरिष्ठ एवं पर्यवेक्षण अधिकारियों द्वारा थानों के निरीक्षण के दौरान भी आगंतुक रजिस्टर में दर्ज विवरण तथा आगंतुक/पीड़ितों से वार्ता कर की गई कार्रवाई के बारे में फीडबैक प्राप्त किया जाता है।

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